Mahakumbh 2025 : उत्तर प्रदेश में उपचुनाव संपन्न होने के बाद, योगी सरकार का सारा ध्यान अब महाकुंभ 2025 को सफल और यादगार बनाने पर है। खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ महाकुंभ की सभी तैयारियों पर बारीकी से नजर रखे हुए हैं। योगी सरकार इस महाकुंभ को अब तक का सबसे बड़ा महाकुंभ बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती। इसके लिए युद्ध स्तर पर तैयारी चल रही है।
महाकुंभ 2025 में 50 करोड़ श्रद्धालुओं के आने का अनुमान
उत्तर प्रदेश सरकार प्रयागराज महाकुंभ के लिए जोर-जोर से तैयारी में जुटी हुई है। महाकुंभ में देश-विदेश से 50 करोड़ लोगों के आने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के शासनकाल में यह पहला महाकुंभ है। इससे पहले उनके शासनकाल में 2019 में अर्ध कुंभ का आयोजन किया गया था। महाकुंभ 2025 जनवरी और फरवरी माह में आयोजित किया जाएगा। सीएम योगी मेले की तैयारी को लेकर लगातार प्रयागराज का दौरा कर रहे हैं। आगामी 25 नवंबर को वे एक बार फिर प्रयागराज आएंगे। प्रधानमंत्री मोदी भी महाकुंभ मेले की तैयारी देखने के लिए 12 दिसंबर को प्रयागराज आ सकते हैं।
योगी का वादा: होगा इतिहास का सबसे भव्य महाकुंभ
योगी सरकार के शासनकाल में यह पहला महाकुंभ है। आपको बता दें महाकुंभ हर 12 साल पर आयोजित होता है। इससे पहले 2019 में अर्ध कुंभ का आयोजन किया गया था। यूपी सरकार इस बार बहुत बड़े पैमाने पर महाकुंभ का आयोजन कर रही है। मेले को अखिल भारतीय रूप देने के लिए पहली बार उत्तर पूर्व और दक्षिण भारत से भी धार्मिक संगठनों को महाकुंभ में शामिल किया जाएगा। कर्नाटक से लिंगायत समुदाय को भी इस महाकुंभ से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। सीएम योगी का प्रयास है कि हिंदू धर्म के उन सभी धार्मिक समुदायों को महाकुंभ से जोड़ा जाए जो इससे पहले किसी कारणवश महाकुंभ से दूर रहे हैं।
महाकुंभ दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन
महाकुंभ दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन है, जहां इतनी बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। इस बार भी महाकुंभ 2025 में 50 करोड़ श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है। पहली बार नॉर्थ ईस्ट और दक्षिण भारत से भी धार्मिक संगठन यहां पहुंचेंगे। श्रद्धालुओं के लिए प्रयागराज में विशाल टेंट सिटी तैयार की जा रही है। सरकार के लगभग सभी विभाग मेले की की तैयारी में लगे हुए हैं। 10 दिसंबर तक सभी तैयारियां पूर्ण कर लेने की डेड लाइन रखी गई है।
13 जनवरी से 26 फरवरी तक चलेगा महाकुंभ मेला
इस बार टेंट की संख्या बढ़कर 1.6 लाख कर दी गई है। प्रयागराज में एक बड़ी टेंट सिटी बसाई जा रही है ।
लगभग 4000 हेक्टेयर क्षेत्र में टेंटसिटी स्थापित होगी।
400 किलोमीटर अस्थाई सड़कों का बिछेगा जाल
30 अस्थाई पुलों का होगा निर्माण
महाकुंभ के लिए इस्तेमाल होंगी 7000 रोडवेज बसें
मेडिकल, ट्रांसपोर्ट और कई अन्य प्रकार की सुविधाएं श्रद्धालुओं को दी जाएगी, ताकि उन्हें किसी तरह की कोई परेशानी ना हो और महाकुंभ 2025 की उनकी यह यात्रा, एक यादगार यात्रा बन जाए।