Pujari granthi samman yojna : आप पार्टी की दिल्ली सरकार ने हाल ही में पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना का ऐलान किया है। पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने 31 दिसंबर, मंगलवार के दिन दिल्ली के “मरघट वाले बाबा” मंदिर में अपनी इस महत्वाकांक्षी योजना का शुभारंभ किया। इस योजना के बारे में अरविंद केजरीवाल ने X पर ट्वीट कर लिखा ”
“आज मरघट वाले बाबा के मंदिर (ISBT) में दर्शन किए और पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना का शुभारंभ किया। यहाँ के महंत जी का आज जन्मदिन है। उनके साथ जन्मदिन भी मनाया। बीजेपी ने आज रजिस्ट्रेशन रोकने की पूरी कोशिश की। लेकिन भक्त को अपने भगवान से मिलने से कोई नहीं रोक सकता।”
इस योजना के ऐलान के बाद दिल्ली में राजनीति भी गर्म हो गई है। बीजेपी इसे चुनावी पैंतरा बता रही है।
क्या है Pujari granthi samman yojna
दरअसल आप पार्टी ने आगामी 2025 का विधानसभा चुनाव जीतने पर दिल्ली में पुजारी ग्रंथी सम्मान योजना लागू करने के वादा किया है। इस योजना के तहत दिल्ली के मंदिरों के पुजारियों और गुरुद्वारे के ग्रंथियों को हर माह 18,000 रुपए भत्ते के रूप में दिए जाएंगे। आप पार्टी ने इस योजना के लिए मंदिरों और गुरुद्वारों में पुजारी और ग्रंथियों का रजिस्ट्रेशन भी शुरू कर दिया है। इसकी शुरूआत स्वयं, आप पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने अपनी पत्नी सुनीता केजरीवाल के साथ मरघट वाले बाबा मंदिर (ISBT) में जाकर की। जहां उन्होंने हनुमान जी का आशीर्वाद लेने के बाद, मरघट वाले बाबा मंदिर के महंत का रजिस्ट्रेशन कर योजना का शुभारंभ किया।
Pujari granthi samman yojna के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू
इस योजना के लिए 31 दिसंबर 2024 से रजिस्ट्रेशन शुरू कर दिया गया है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के अलावा आप पार्टी के कई बड़े नेताओं ने अलग-अलग मंदिरों और गुरुद्वारों में इसके रजिस्ट्रेशन की शुरुआत की। इस योजना का उद्देश्य पुजारी और ग्रंथियों को समाज में उनके आध्यात्मिक योगदान के लिए सम्मान देना है। अरविंद केजरीवाल ने एक ट्वीट में लिखा
“आम आदमी पार्टी के जीतने पर दिल्ली में मंदिरों के पुजारियों और गुरुद्वारा साहिब के ग्रंथियों को 18,000 रुपए प्रति माह की सम्मान राशि दी जाएगी। ये योजना समाज में उनके आध्यात्मिक योगदान और हमारी सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित रखने के उनके प्रयासों का सम्मान है। BJP वालों इसे रोकने की कोशिश मत करना, बहुत पाप लगेगा।”
दिल्ली में पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने भी किलोकरी गांव में शिव मंदिर में इस योजना के लिए रजिस्ट्रेशन की शुरुआत की। यह मंदिर जंगपुरा विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है, जहां से इस बार मनीष सिसोदिया चुनाव लड़ रहे हैं। मुख्यमंत्री आतिशी ने भी करोल बाग गुरुद्वारे में ग्रंथी का रजिस्ट्रेशन कर योजना की लॉचिंग की। कोंडली विधानसभा में भी आप विधायक कुलदीप कुमार ने दुर्गा माता मंदिर में पुजारी से मिलकर योजना का शुभारंभ किया। आप पार्टी ने एक बयान जारी कर यह भी बताया कि जंगपुरा में 21 मंदिरों के पुजारीयों ने सुंदरकांड और हनुमान चालीसा का पाठ कर अरविंद केजरीवाल को फिर से मुख्यमंत्री बनाने के लिए भगवान से प्रार्थना की।
बीजेपी ने बताया ढकोसला
आम आदमी पार्टी की इस योजना को भाजपा ने चुनावी पैंतरा बताया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक उनका कहना है, अब चुनाव के समय आप पार्टी ऐसी योजनाओं का ऐलान कर रही है, जबकि भाजपा पिछले 10 वर्षों से इसकी मांग कर रही थी। अब 10 वर्ष बीत जाने पर योजना की बात की जा रही है। दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा का कहना है “यह केवल चुनावी नाटक है। दिल्ली के पुजारी अच्छी तरह जानते हैं कि भाजपा ही उनकी अपनी पार्टी है, जो उनके दुख सुख में हमेशा उनके साथ रही और केवल बीजेपी ही ऐसी पार्टी है जो उन्हें पूरा सम्मान देती है।
हालांकि आप पार्टी की मुख्यमंत्री आतिशी का इस पर कहना है कि उनकी ही पार्टी ने पहली बार देश में इस तरह के भत्ते की घोषणा की है। बीजेपी की 20 राज्यों में सरकार है, फिर भी उन्होंने किसी राज्य में पुजारी ग्रंथियों के लिए ऐसी किसी घोषणा का ऐलान नहीं किया । आपको बता दें दिल्ली में जल्दी ही चुनाव होने वाले हैं, ऐसे में राजनीतिक दल सभी दांव पेच चल रहे हैं। इस योजना को लेकर भले ही रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया है, पर यह साफ है कि Pujari granthi samman yojna लागू तभी होगी जब दिल्ली में आप पार्टी की तीसरी बार सरकार बनेगी।